Meri gf aur dost ki chudai

(हिंदी सेक्स स्टोरीज) 32

Sameer Khan 2026-04-28 Comments

Xxx गर्लफ्रेंड चुदाई कहानी में मेरी गर्लफ्रेंड को जबरदस्ती और बेरहमी से चुदवाना पसंद है. इस तरह से वह खूब गर्म हो जाती है. मेरे एक दोस्त को इस बात का पता चल गया.

दोस्तो, यह सेक्स कहानी उस वक्त की है, जब मैंने अपने दोस्त की बहन को बदला लेने के लिए चोदा था.

Xxx गर्लफ्रेंड चुदाई कहानी में हुआ यूँ कि मैंने अपने दोस्त को बताया था कि मैं अपनी गर्लफ्रेंड को बहुत चोदता हूँ.मैंने उसको यह भी बताया था कि मेरी गर्लफ्रेंड को जब भी मुझे चोदना होता है तो मुझे उसको पूरी नंगी करके लंड घुसाने में एक घंटा लग जाता है.

मेरी गर्लफ्रेंड को यह पसंद है कि पहली बार मैं उसको जबरदस्ती और बेरहमी से चोदूँ और एक बार चोदने लगूँ उसको … तो फिर वह दो या तीन बार रंडी की तरह चुदवाती है.

मतलब ये है कि मेरी गर्लफ्रेंड को अगर चोदना हो तो अगर आप उसको पकड़ कर बिना उसकी सुने, उसे पटक कर लंड डाल देंगे और उसको अच्छे से 10 मिनट पेल कर उसको अहसास करा देंगे कि आप अच्छा चोद सकते हैं तो वह आपसे रंडी की तरह खुल कर चुदेगी.

अपनी गर्लफ्रेंड की यह बात मुझे तब समझ में आ गई थी, जब मेरे दोस्त फराज़ ने मेरी गर्लफ्रेंड अंजू को चुदाई के नजरिए से पकड़ लिया था और उसको हचक कर खूब मस्ती से पेल दिया था.

अंजू मेरे दोस्त फराज़ से चुदवा कर काफी खुश हो गई थी.एक बार चुदवाने के बाद मेरी गर्लफ्रेंड अंजू फराज़ के लिए एक रंडी बन चुकी थी.

अब मैं आपको विस्तार से बताता हूँ कि फराज़ ने कैसे अंजू को चोदा था, उसी के बाद मेरी झांटें सुलग गई थीं तो मैंने फराज़ की बहन चोद दी थी.

हमारा 3 BHK फ्लैट था और उसमें हम तीन दोस्त रहते थे.हमारे फ्लैट में 2 बाथरूम थे – एक कॉमन और एक रूम से अटैच्ड था.

जब भी हम तीनों में से किसी की गर्लफ्रेंड आती थी, तो जिस रूम से बाथरूम अटैच्ड था … वह उसी कमरे में रहती थी क्योंकि उसे चुदाई के बाद बाथरूम को यूज करने में आसानी हो.कभी हमें बाथरूम यूज करना होता तो हम कॉमन वाले बाथरूम को यूज कर लेते.

इसी बात का फायदा एक दिन फराज़ ने उठाया और उसने मेरी गर्लफ्रेंड अंजू को चोद दिया.उसके बाद उसने कई बार अंजू को चोदा और वह भी फराज़ के लंड पर कूद-कूद छिनाल की तरह चुदने लगी थी.

फराज़ की इसी बात का बदला मैंने उसकी बहन शिफ़ा को अपनी रखैल बनाकर लिया.वह अलग बात है कि इसके हम तीनों ने एक-दूसरे की गर्लफ्रेंड ठोकी और शिफ़ा को हम दोनों रूममेट – मैं और राकेश – ने एक साथ भी चोदा.

एक बार हम सबमें खुल कर सेक्स होने लगा तो कॉलेज की लगभग हर चुदासी लड़कियों को अपनी गर्लफ्रेंड्स की मदद से भी चोदा.

चलिए बताते हैं अंजू की चुदाई.

अंजू मेरे फ्लैट पर आ गई थी क्योंकि उस दिन उसका ऑफिस बंद था और हम सबका भी ऑफ था.उस दिन अंजू मुझसे तबीयत से चुदी और फिर हम दोनों सो गए.

सुबह एक क्लाइंट का फोन आया कि मिलना है.मैं आपको बता दूँ मैं पेशे से वकील हूँ, तो क्लाइंट्स से मिलना सामान्य सी बात है.

क्लाइंट का फोन आने के बाद मैंने अंजू से कहा कि मैं निकल रहा हूँ, तुम सोती मत रहना … उठ जाना!ये मैंने अंजू से बोला और फराज़ की आवाज सुनी तो समझ गया कि वह भी जग रहा था.

मैंने उससे भी अपने जाने की कही और सुबह 10 बजे घर से निकल गया.

इसके आगे की सेक्स कहानी आप अंजू के मुँह से सुनें.

अभि के जाने के बाद मैं सोती रही.

इनके फ्लैट में किसी रूम का गेट अन्दर से लॉक नहीं रहता था केवल उस वक्त जब अन्दर चुदाई हो रही हो.

गेट खुला था, तो फराज़ कमरे में आ गया और उसने गेट लॉक कर दिया.

मेरी हल्की सी आंख खुली तो देखा फराज़ बेड के सामने सिर्फ शॉर्ट्स में खड़ा था.

वहां सब ऐसे ही घूमते थे, तो यह सामान्य था.

उन तीनों में सबसे ज्यादा स्मार्ट और एकदम फिट बंदा मेरा ब्वॉयफ्रेंड ही था, जिसकी वजह से उसके ऊपर काफी लड़कियां मरती थीं.

फराज़ शॉर्ट्स में खड़ा था तो मुझे कुछ गलत नहीं लगा, मुझे लगा कि ये ऐसे ही आया होगा.

मैंने आधी नींद में थी तो मैंने उससे यूं ही अधखुली आंखों से पूछा- तुम्हें कुछ चाहिए है क्या फराज़?

फराज़ बोला- हां तेरी चूत!

ये सुन कर मेरी नींद खुल गई, मैं उठ कर ठीक से बैठ गई.

फिर उसे देखती हुई बोली- क्या तुम पागल हो गए हो … तुम्हें पता भी है कि तुम क्या बक रहे हो? मैं तुम्हारे दोस्त की गर्लफ्रेंड हूँ क्या तुम इस बात को भूल गए हो?

फराज़ ने ये सुना तो वह एकदम से बेड पर चढ़ गया और मुझे धक्का देते हुए बेड पर चित लिटा कर मेरे ऊपर चढ़ गया.

उसने मुझे अपने कब्जे में ले लिया और बोला- अंजू, तेरी जैसी खूबसूरत माल अगर मेरी माँ भी होती तो उसको भी चोद देता … फिर तू तो मेरे यार की माल है!

मैं उससे बचने की कोशिश करने लगी लेकिन उसके आगे एक ना चली.

उसने मेरी टी-शर्ट फाड़ दी और टी-शर्ट फटते ही मेरी नग्न चूचियां उसके सामने आ गई थीं.

क्योंकि रात में अपने ब्वॉयफ्रेंड से चुदवा कर मैं सिर्फ टी-शर्ट और पैंटी में सो गई थी.

वह चूची को दबा-दबा कर ब/च्चे की तरह पीने लगा और मेरे दोनों दूध पीते-पीते मेरी चूचियों को काट-काट कर खाने लगा.

पहले पहल तो मैं चूचे चुसवाने का मजा लेने लगी और भूल गई कि मेरे मम्मे कौन चूस रहा है.

फिर मैं एकदम से होश में आई कि ये अभि नहीं है, फराज़ है, मुझे इससे नहीं चुदना है.

मैं उसको अपने ऊपर से हटाने लगी और बोली- फराज़ हट जाओ, नहीं मैं चिल्लाने लगूँगी!

उसने मेरा गला पकड़ लिया और अपने होंठ से मेरे होंठों को सी दिया. वह अपने हाथों से मेरी पैंटी निकालने लगा.

मैं उल्टी पीठ के बल लेटी थी और अपना पैर सीधा करके क्रॉस कर रखा था.

उसने मेरी पैंटी घुटने तक उतारी और पलट कर मेरे ऊपर आ गया.

अब वह मेरे ऊपर लेटा था और उसका लंड मेरी गांड की दरार में अड़ा हुआ था.

वह बोला- साली, मेरे भाई अभि से चुदने से पहले भी तू नखरे ही करती है ना? जब अभि चोदने लगता है तो चुदक्कड़ रांड बन जाती है ना? मुझे सब पता है!

मैं चौंक गई कि इसको इतना सब कुछ कैसे पता.

वह बोला- चौंक मत, अभि ने तुझे चोदने को नहीं बोला. हम तीनों दोस्त खुलकर सारी बात करते हैं!

उसने जब यह कहा तो मैं समझी कि ये तीनों ही एक साथ लड़की के साथ सेक्स कर लेते होंगे.

अब मुझे अच्छा लग रहा था तो मैंने भी मन बना लिया था कि फराज़ के लौड़े से चुदाई का मजा ले लेती हूँ.

उसके बाद फराज़ ने मेरे बाल पकड़ कर मेरा मुँह तकिये में दबा दिया और अपना काला मोटा लंड मेरी चूत पर सैट करके एक जोरदार धक्का दे दिया.

उसका लंड मेरी चूत को चीरता हुआ पूरा अन्दर घुसता चला गया था.

उसका लंड अभि से हल्का बड़ा था और मोटा था. उसका लंड मोटा और काले बांस के जैसा था … मेरी चूत एक तरीके से फट गई.

मैं उसको हटाने की कोशिश करने लगी लेकिन उसने अपने लंड से मुझे दबा रखा था.

मैं कुछ भी नहीं कर पा रही थी और उसने एक के बाद एक कई जोरदार झटके मार कर मेरी चूत में अपने लौड़े को सैट कर दिया था.

मेरी चुत से पानी छूट गया था तो वह मजे से मेरी लेने लगा था.

थोड़ी देर उसकी इस बेरहम चुदाई के बाद मैंने हार मान ली और खुद को उसके हवाले कर दिया.

फराज़ ने मुझे बड़ी मस्ती से पटक पटक कर चोदा.

मेरे गोरे बदन पर एक काला इंसान लिपटा था, मुझे पूरा चाट रहा था. उसका काला मोटा लंबा लंड मेरी चूत का बाजा बजा रहा था.

मुझे एक अजीब सा सुख मिलने लगा था.

मेरा विरोध खत्म हो गया था और मैं चुपचाप उससे चुदने लगी थी.

कुछ देर बाद उसने मेरी कमर से मुझे खींचा और अपनी घोड़ी बना दिया.

फिर मेरे बाल पकड़ कर घोड़ी बना कर अपने गधे जैसे लंड से मुझे चोदने लगा था.

वह तेज गति से मेरी चूत की सवारी कर रहा था.

अब जब मैं खुल कर उसका साथ देने लगी थी.

उसके चेहरे पर मुस्कान आ गई और उसने मुझे अभि के डबल बेड पर खोल कर रख दिया.

उठा कर, गिराकर, लिटा कर, बिछा कर – यानि उस कड़ियल मर्द ने मुझे हर तरीके से 30-40 मिनट तक चोदा और मेरी चुत में ही झड़ गया.

मुझे चोदने के बाद फराज़ बोला- अंजू तुझे ना जाने कबसे चोदना चाह रहा था, बस ये पता नहीं था कि तुझे कैसे चोदना है. अभि की बातों से पता लग गया. अच्छा चोदने वाला तुझे आराम से चोद सकता है. कमाल की रांड है रे तू … तूने झेल लिया मुझे … अभि सही बोलता है, बहुत भूखी है तू लंड की!

मैं चुपचाप उसकी बात सुनती रही.

उसके बाद मैंने उसे चूमा और कहा- चल एक राइड और ले ले!

वह खुश हो गया. उसने मुझे फिर से चोदा.

उस दिन की चुदाई के बाद फराज़ ने मुझे कई बार चोदा.

एक दिन जब वह मुझे किचन में अकेला पाकर मुझे चोद रहा था, तब अभि ने देख लिया.

लेकिन फराज़ नहीं देख पाया कि अभि ने उसको मुझे बजाते हुए देखा है.

अभि ने अपनी Xxx गर्लफ्रेंड चुदाई पूरी देखी कि कैसे उसने मुझे कुतिया बना कर किचन में चोदा.

इसके बाद आप अभि से सुनें.

तो दोस्तो, ये थी मेरी गर्लफ्रेंड अंजू की चुदाई.

अब मुझे फराज़ से बदला लेना था और बदला मैंने उसकी बहन शिफ़ा को चोद कर लिया.

फराज़ मेरी गर्लफ्रेंड अंजू को रेगुलर बेसिस पर बजाने लगा और अंजू भी पूरी बेशर्म होकर उससे चुदवाने लगी.वह उससे चुद कर मुझे बताती थी कि आज उसने चूत चाटी, आज कैसे चोदा!

ये सिलसिला 2 महीने चला और एक दिन फराज़ की बहन हमारे फ्लैट आ गई वह एक हफ्ते के लिए रहने आई थी.

कमाल की माल थी साली … गोरा बदन, रसीले होंठ, कसी हुई चूचियां, मस्त टाइट गांड.पूरा बदन बिल्कुल तराशा हुआ था.

उसको देख कर लंड मेरा एकदम से जग गया.बड़ी मुश्किल से मैंने खुद को संभाला और हमने उसको फराज़ का रूम दे दिया क्योंकि उसमें वॉशरूम अटैच्ड था.

वह मुझे भैया बोलती थी और मैं बहनचोद बनने को तैयार था.दो दिन निकल गए और कुछ नहीं हुआ. जैसा कि अंजू ने बताया, हम फ्लैट पर सिर्फ शॉर्ट्स में घूमते हैं.

मैं उसके सामने ऐसे ही घूमता था.मैंने नोटिस किया कि वह मेरे गठीले बदन को ललचाई नजर से देखती थी.

एक दिन सब ऑफिस चले गए, मैंने छुट्टी ले ली.आज मैं मन बना चुका था कि फराज़ की बहन की चुत चुदाई करके अपनी गर्लफ्रेंड की चुत चुदाई का बदला ले ही लूँगा.मुझे यह नहीं पता था कि फराज़ की बहन शिफ़ा भी मेरे साथ आसानी से चुदाई के लिए राजी हो जाएगी.

 

 

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